स्वतंत्रता दिवस समारोह में इस बार बदलेगा कार्यक्रम का क्रम

समारोह में पहले राष्ट्रगीत का गायन, इसके बाद ध्वजारोहण तत्पश्चात राष्ट्रगान होगा
नई दिल्ली (जनहित न्यूज लाइव)। दिल्ली के लाल किले से लेकर गांव स्तर तक स्वतंत्रता दिवस समारोह में इस वर्ष कार्यक्रमों के क्रम में बदलाव किया गया है। गृह मंत्रालय द्वारा 10 अगस्त को जारी दिशा-निर्देश के अनुसार सबसे पहले राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ का गायन होगा। इसके बाद राष्ट्रीय ध्वज फहराया जाएगा और फिर राष्ट्रगान का गायन किया जाएगा। यह व्यवस्था राज्य, जिला, अनुमंडल, प्रखंड, ग्राम पंचायत और गांव स्तर पर आयोजित होने वाले स्वतंत्रता दिवस समारोहों में भी लागू रहेगी।




गृह मंत्रालय ने सभी राज्यों के मुख्य सचिवों और केंद्र शासित प्रदेशों के प्रशासकों को भेजे पत्र में स्वतंत्रता दिवस समारोह को गरिमापूर्ण और व्यवस्थित तरीके से आयोजित करने का निर्देश दिया है। पत्र के अनुसार राज्य की राजधानियों, जिला मुख्यालयों, अनुमंडल, प्रखंड, ग्राम पंचायत और गांवों में स्वतंत्रता दिवस समारोह अथवा राष्ट्रध्वज फहराने का कार्यक्रम सुबह 9 बजे के बाद शुरू किया जाना चाहिए।
राज्य स्तर के समारोह में पहले राष्ट्रगीत का गायन, इसके बाद मुख्यमंत्री द्वारा राष्ट्रीय ध्वज फहराया जाएगा। ध्वजारोहण के बाद राष्ट्रगान होगा। इसके बाद पुलिस, अर्धसैनिक बल, होमगार्ड, एनसीसी और स्काउट्स द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर तथा मुख्यमंत्री का जनता के नाम संबोधन होगा।
जिला स्तर पर भी यही क्रम अपनाया जाएगा। मंत्री, आयुक्त या जिला दंडाधिकारी द्वारा ध्वजारोहण किया जाएगा। इसके बाद राष्ट्रगान, परेड और जनता को संबोधन का कार्यक्रम होगा।
दिल्ली के लाल किले पर आयोजित मुख्य समारोह में भी निर्धारित कार्यक्रमों के तहत प्रधानमंत्री को सशस्त्र बलों और दिल्ली पुलिस द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर दिया जाएगा। इसके बाद राष्ट्रगीत, ध्वजारोहण, राष्ट्रगान और अन्य निर्धारित कार्यक्रम होंगे। गृह मंत्रालय ने सभी स्तरों पर समारोह का आयोजन जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप करने को कहा है।



