आम नागरिकों को न्याय दिलाने में जिला विधिक सेवा प्राधिकार की अहम भूमिका : राकेश त्रिपाठी
विधिक जागरूकता शिविर में सड़क हादसा पीड़ितों को न्याय दिलाने और साइबर सुरक्षा के प्रति किया गया जागरूक

हेलमेट और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करें, निर्धारित गति सीमा का पालन करें तथा नशे की हालत में वाहन न चलाएं : थाना प्रभारी
बलराम शर्मा
मेराल । नालसा एवं झालसा के निर्देश पर चल रहे 90 दिवसीय आउटरीच अभियान के तहत शनिवार को मेराल प्रखंड सभागार में जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का शुभारंभ मुख्य अतिथि जिला बाल कल्याण समिति के पूर्व अध्यक्ष, मीडिएटर सह अधिवक्ता राकेश त्रिपाठी, थाना प्रभारी विष्णुकांत, डॉ अनिल साह, प्रधान सहायक रामनाथ पाल, सीआई संजीव कुमार पांडे, बसंत पांडे, रिजवान अख्तर आदि ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर राकेश त्रिपाठी ने सड़क दुर्घटना की स्थिति में आम नागरिक, पुलिस, चिकित्सक, मीडिया और जिला विधिक सेवा प्राधिकार की जिम्मेदारियों व कानूनी प्रावधानों पर विस्तार से प्रकाश डाला गया।

थाना प्रभारी विष्णुकांत ने सड़क सुरक्षा एवं साइबर सुरक्षा पर लोगों को जागरूक करते हुए कहा कि हेलमेट और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करें, निर्धारित गति सीमा का पालन करें तथा नशे की हालत में वाहन न चलाएं। एक छोटी-सी लापरवाही भी किसी परिवार की खुशियां छीन सकती है। उन्होंने साइबर अपराधों से बचाव के लिए किसी अनजान लिंक पर क्लिक नहीं करने, बैंक खाते, ओटीपी, एटीएम, सीवीवी या यूपीआई पिन जैसी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करने तथा साइबर ठगी होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 तथा स्थानीय थाना में शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी। कार्यक्रम के दौरान दो दिव्यांग एवं तीन वृद्धजनों की पेंशन स्वीकृत की गई तथा उन्हें साड़ी और धोती प्रदान किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीणों, महिलाओं और प्रखंड कर्मियों ने भाग लिया।




